• nationbuzz3

डीईओ ने राजनैतिक दलों के प्रतिनिधियों संग निर्वाचन के सम्बंध में बैठक आयोजित


यूपी। विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों की निर्वाचक नामावलियों के विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण एवं आगामी विधानसभा सामान्य निर्वाचन के सम्बन्ध में विचार-विमर्श हेतु सांसद, विधायकगण व समस्त मान्यता प्राप्त राष्ट्रीय/राज्यीय राजनैतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ जिला निर्वाचन अधिकारी दीपा रंजन की अध्यक्षता में उप जिला निर्वाचन अधिकारी संतोष कुमार वैश्य की मौजूदगी में बैठक सोमवार को अटल बिहारी बाजपेई कलक्ट्रेट सभागार में आयोजित की गई।

आयोग द्वारा निर्धारित उपरोक्त कार्यक्रम के अनुसार पुनरीक्षण अवधि में प्राप्त समस्त दावे/आपत्तियों का निस्तारण किया जा चुका है तथा अन्तिम प्रकाशन दिनांक 05-01-2022 हेतु निर्वाचक नामावलियों का मुद्रण की कार्यवाही की जा रही है। इस प्रकार 05-01-2022 को अन्तिम प्रकाशित निर्वाचक नामावलियों की सभी विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों की एक-एक प्रति सभी मान्यता प्राप्त राजनैतिक दलों के प्रतिनिधियों को उपलब्ध कराई जायेगी।

डीईओ ने राजनैतिक दलों के प्रतिनिधियों को अवगत कराया कि जनपद में कुल 2385897 मतदाता हो चुके हैं। वर्तमान पुनरीक्षण अवधि के दौरान जेण्डर रेशियो में 11 अंक की वृद्धि के उपरान्त बढ़कर 862 हो गया है, जोकि जनपद के जनगणना जेण्डर रेशियो 859 से 02 अंक अधिक है।


इसी प्रकार जनपद का अनुमानित जनसंख्या के सापेक्ष मतदाताओं का अनुपात 52.19 प्रतिशत से बढ़कर 53.76 प्रतिशत हो गया है। आलेख्य प्रकाशन दिनांक 01-11-2021 को 18-19 आयु वर्ग के मतदाताओं की संख्या- 14388 थी जोकि अन्तिम प्रकाशित हेतु प्रस्तावित निर्वाचक नामावली में बढ़कर 45497 हो गई है इस प्रकार 18-19 आयु वर्ग के मतदाताओं में 31109 की वृद्धि हुई है। आलेख्य प्रकाशन दिनांक 01-11-2021 को 80 से अधिक आयु वर्ग के मतदाताओं की संख्या- 23071 थी, तथा वर्तमान निर्वाचक नामावली में 80 के अधिक आयु वर्ग के मतदाताओं की कुल संख्या-22147 है। इस प्रकार 80 से अधिक आयु वर्ग के मतदाताओं की संख्या में 924 की कमी हुई है।


गत अन्तिम प्रकाशन दिनांक 15-1-2021 के उपरान्त निरन्तर पुनरीक्षण अवधि एवं अर्हता दिनांक 1-1-2022 के आधार पर सम्पन्न हुए संक्षिप्त पुनरीक्षण अवधि में मतदाता सूची के ईआरओ नेट साफ्टवेयर से जनपद में कुल 30494 पीएसई (फोटो सिमिलर इन्ट्रीज) पाई गई थीं, अर्थात 30494 इन्ट्री के फोटो एक समान होने के आधार पर संभावित डुप्लीकेट पाये गये थे जिनकी बीएलओ द्वारा जांच एवं सत्यापन के उपरान्त 13359 डुप्लीकेट एन्ट्री पाई गईं जिनको नामावली से अपमार्जित किया गया है।

दिव्यांग कल्याण विभाग से प्राप्त डाटा के अनुसार दिव्यांग पेन्शनर्स की संख्या ग्रामीण में 14837 व शहरी में 3667 कुल 18504 है। उक्त पेंशनर्स की सूची के अनुसार 2121 अधिक मतदाताओं की टैगिंग निर्वाचक नामावलियों में की जा चुकी है।


आगामी विधानसभा निर्वाचन में दिव्यांग एवं 80 से अधिक आयु के मतदाताओं को डाक मतपत्र की सुविधा है कि भारत निर्वाचन आयोग द्वारा इस निर्वाचन में सभी दिव्यांग मतदाताओं एवं 80 से अधिक आयु के मतदाताआें के लिए पोस्टल बैलेट (डाक मतपत्र) की सुविधा उपलब्ध कराई जायेगी। उक्त सुविधा वैकल्पिक है, अर्थात दिव्यांग व 80 से अधिक आयु के मतदाता अपनी इच्छा एवं सुविधानुसार मतदेय स्थल पर जाकर ईवीएम से भी मतदान कर सकते हैं तथा डाक मतपत्र के माध्यम से भी मतदान कर सकते हैं। इसके अन्तर्गत मतदान से पूर्व सभी दिव्यांग मतदाताओं एवं 80 आयु के मतदाता से सम्पर्क करते हुए उन्हें डाक मतपत्र की सुविधा प्राप्त करने हेतु (यदि वह डाक मतपत्र के माध्यम से मतदान करना चाहते हैं) निर्धारित फार्म-12 उपलब्ध कराया जायेगा, तथा उनके द्वारा उक्त आवेदन पत्र प्रस्तुत किये जाने पर डाक मतपत्र की सुविधा नियमानुसार उपलब्ध कराई जायेगी। इस सम्बन्ध में यह भी स्पष्ट किया जाता है कि यदि डाक मतपत्र की सुविधा प्राप्त करने हेतु आवेदन कर दिया जाता है तो फिर उस मतदाता को मतदेय स्थल पर जाकर ईवीएम के माध्यम से मतदान करने की सुविधा उपलब्ध नहीं होगी, अर्थात वह केवल एक ही माध्यम (डाक मतपत्र अथवा ईवीएम से मतदान का विकल्प) चुन सकता है। उपरोक्त प्रक्रिया की जानकारी सभी दिव्यांग व 80 से अधिक आयु के मतदाताओं को प्रदान करने व प्रचार-प्रसार हेतु सहयोग अपेक्षित है।


आगामी विधानसभा निर्वाचन के सम्बन्ध में सभाओं हेतु स्थल चयन -जनपद में राजनैतिक दलों, निर्वाचन लड़ने वाले अभ्यर्थियों के लिए सभी तहसील/विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों में सभाओं के आयोजन हेतु मैदान/हॉल चिह्नित किये गये हैं, जिनकी विधानसभा क्षेत्रवार सूची संलग्न कर उपलब्ध कराई जा रही है। उक्त सूची के अनुसार सभाओं के आयोजन की अनुमति के समय आवश्यकतानुसार स्थल चयन कर आवेदन सम्बन्धित रिटर्निंग आफिसर को किये जा सकते हैं। इसके अतिरिक्त अन्य कोई उपयुक्त स्थान जो इस सूची में सम्मिलित न हुआ हो, उसकी सूचना भी उपलब्ध कराया जाना अपेक्षित है जिससे स्थल आबंटन के समय संज्ञान में लिया जा सके।